Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
ये हैं वे 5 कारण जिनकी वजह कम बन पाता है बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ मिलà¥à¤• :-
1. गà¥à¤²à¥ˆà¤‚डà¥à¤¯à¥‚लर टिशà¥à¤¯à¥‚ की कमी
यह समसà¥à¤¯à¤¾ पहली बार मां बनने वाली महिलाओं में जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ आती हैं। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि मिलà¥à¤• डकà¥à¤Ÿ पूरी तरह बने नहीं होते हैं, जिससे दूध कम बनता है। अगली बार में यह समसà¥à¤¯à¤¾ नहीं होती। इस समसà¥à¤¯à¤¾ के समाधान के लिठबेबी को सक करने दें, यह आपके डकà¥à¤Ÿ को à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µ करेगा। “जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सक करने से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ दूध बनेगा, यह नियम है। सक करने से मैमरी गà¥à¤²à¥ˆà¤‚ड à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µà¥‡à¤Ÿ होते हैं।â€
2. हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸
दूध बनने के लिठहॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸ ही आपके बà¥à¤°à¥‡à¤¨ को सिगà¥à¤¨à¤² पहà¥à¤‚चाते हैं। अगर आपके हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸ ठीक ढंग से काम नहीं कर रहे, तो मिलà¥à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤¶à¤¨ à¤à¥€ नहीं होगा। “PCOS, थायराइड या डायबिटीज के कारण अकà¥à¤¸à¤° हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸ नहीं बनते और दूध कम होता है। इसके लिठआप अपने डॉकà¥à¤Ÿ र से सलाह लें।â€
3. बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ सरà¥à¤œà¤°à¥€
बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ सरà¥à¤œà¤°à¥€ या इमà¥à¤ªà¥à¤²à¤¾à¤‚ट के कारण बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ में फाइबà¥à¤°à¥‰à¤‡à¤¡ बन जाते हैं, जो मिलà¥à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤¶à¤¨ को घटाते हैं। दूध कितना कम बनता है, यह सरà¥à¤œà¤°à¥€ पर ही निरà¥à¤à¤° करेगा। यहां तक कि निपल में पियरसिंग à¤à¥€ बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿ मिलà¥à¤• को कम करती है।
4. कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¥‡à¤ªà¥à¤Ÿà¤¿à¤µ खाने से
अगर आप बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤«à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग के दौरान कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¥‡à¤ªà¥à¤Ÿà¤¿à¤µ पिलà¥à¤¸ ले रही हैं, तो à¤à¥€ आपके मिलà¥à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤¶à¤¨ पर असर पड़ेगा। ये पिलà¥à¤¸ आपके हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² संतà¥à¤²à¤¨ को बिगाड़ देती हैं, जिससे दूध कम बनता है। हालांकि हर महिला पर यह असर अलग होता है।
दवाà¤à¤‚ à¤à¥€ मिलà¥â€à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥â€à¤¶à¤¨ को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करती हैं।
5. लेबर के दौरान दी गई दवाà¤à¤‚
कई बार कà¥à¤› महिलाओं को लेबर के वकà¥à¤¤ दवा दी जाती हैं। यह दवा लेबर पेन बà¥à¤¾à¤¨à¥‡ से लेकर सी-सेकà¥à¤¶à¤¨ के लिठहो सकती हैं। हायपरटेंशन के लिठà¤à¥€ दवा दी जाती है। “à¤à¤¸à¥‡ कई कारण हैं जिनके लिठमहिलाओं को दवा दी जाती हैं, लेकिन यह मिलà¥à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤¶à¤¨ को कà¥à¤› ही देर के लिठकम करती हैं। दवा का असर खतà¥à¤® होते ही मिलà¥à¤• पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤¶à¤ªà¤¨ नॉरà¥à¤®à¤² हो जाता है।â€
| --------------------------- | --------------------------- |